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पटना,नियोजित शिक्षकों के हड़ताल का समर्थन करने पहुंची भूतपूर्व जिला परिषद सिम्मी कुमारी


 नियोजित शिक्षकों पर राज्य सरकार तानाशाही रवैया अपना रही है----सिम्मी कुमारी

बिक्रम: बिक्रम के बीआरसी सभागार में चल रहे पिछले 16 दिनों से नियोजित शिक्षकों के हड़ताल का समर्थन करने मंगलवार को भूत पूर्व जिला परिषद सिम्मी कुमारी धरना स्थल पहुंची।जहां पर उन्होंने सभा को सम्बोधित करते हुए नियोजित शिक्षकों के हड़ताल को सही बताते हुए वर्तमान सरकार पर जमकर हमला करते हुए,कहा कि आज की सरकार शिक्षकों पर तानाशाही की रवैया अपना रही है।

 इनकी जो भी मांगे हैं उचित है और सरकार को इनकी मांगे माननी चाहिए साथ ही उन्होंने ने बताया कि माननीय नीतीश कुमार शिक्षकों के ऊपर दोहरा रवैया अपना रही है।एक शिक्षक को ज्यादा वेतन और दूसरे  तरफ नियोजित शिक्षकों को कम बल्कि इनसे तो चुनाव में भी काम कराया जाता है और सरकार की  तमाम योजनाओं के अंतर्गत इन्हें ड्यूटी भी दी जाती है लेकिन वेतन एक का ही मिलता है।

 समान काम समान वेतन सरकार को इनकी मांगे जरूर माननी चाहिए नहीं मानी तो आगे आने वाले विधानसभा चुनाव में नीतीश कुमार परिणाम भुगतने के लिए तैयार रहेंगे।वहीं सरकार योजनाओं के लिए पैसा रहती है लेकिन एक शिक्षक के पैसा नहीं है।

इनके दर्द दर्द को नहीं समझ पा रहे हैं  मैं भी एक शिक्षक की बेटी हूं और शिक्षक का दर्द क्या होता है।मैं भी जानती हूं साथ ही उन्होंने बताया कि वह हमेशा नियोजित शिक्षकों के साथ खड़ा है।जब तक सरकार इनकी मांगे नहीं मानती तब मैं इनके साथ हमेशा खड़ा रहूंगी। 

वहीं उन्होंने बताया कि आजकल प्राइवेट स्कूल के मनमानी पर राज्य सरकार रोक नहीं लगा रही हैं।लेकिन जो  नियोजित शिक्षक हैं।इनकी मांगे मानने को तैयार नहीं।वहीं उन्होंने बताया कि इनलोगो का 5 मार्च को पटना जिलाअधिकारी का घेराव भी  करेंगे और जिसका मैं खुद समर्थन करती हूं और उस दिन भी मैं इनके साथ पटना में उपस्थित रहूंगी।

इनका हक दिलाकर ही चैन से बैठूंगी।वही नियोजित शिक्षको ने बताया कि हमारी मात्र एक मांग है जो पूरी तरह से जायज है हम पिछले 16 दिनों से शांतिपूर्ण तरीके से हड़ताल पर बैठे हैं और जब तक पूरा नहीं होगा तब तक बैठे रहेंगे। 

वही पिछले 16 दिनों से प्रखंड में तमाम सरकारी विद्यालय में पढ़ाई बंद पड़ी है जिससे बच्चो का भी भविष्य खराब हो रहा है।
रिपोर्ट तेज़थिंक न्यूज़
05/03/2020 
सुरज कुमार/पटना (बिहार)
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